राष्ट्रीय तकनीकी शिक्षक प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, भोपाल

राष्ट्रीय तकनीकी शिक्षक प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, भोपाल

“आधुनिक भेषज शोध एवं रसायन शास्त्र” विषय पर शोध सम्मेलन २२ से २४ मार्च २०१२ नया सितारा

संस्थान की राजभाषा समिति के तत्वाधान में आयोजित की जाने वाली हिन्दी प्रशिक्षण-सह-कार्यशाला की सूची एवं फॉर्म।नया सितारा

कोलंबो प्लान 2011-12 के तहत टी.सी.एस. प्रशिक्षण कार्यक्रमनया सितारा

प्रशिक्षण कार्यक्रम के ऑनलाइन पंजीकरण के लिए यहाँ क्लिक करें नया सितारा

 

 

भारत सरकार द्वारा 1965में देश में तकनीकी शिक्षा में गुणवत्ता के सुधार और विशेष रूप से तकनीशियन शिक्षा की एक योजना के अंतर्गत राष्ट्रीय तकनीकी शिक्षक प्रशिक्षण और अनुसंधान संस्थान,भोपाल(पूर्व में  तकनीकी शिक्षक प्रशिक्षण संस्थान)की स्थापना की गई थी|शुरुआत में संस्थान द्वारा पॉलिटेक्निक शिक्षकों के लिए अल्पकालिक और दीर्घकालिक शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम शिक्षकों में professional competence develop करने के लिए आयोजित किये गए | तकनीकी शिक्षा के समग्र विकास और सुधार हेतु संस्थान द्वारा आवश्यकता पर आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किये जाते है |संस्थान का नियंत्रण तथा अनुदान की प्राप्ति उच्चतर शिक्षा विभाग (DHE), मानव संसाधन विकास मंत्रालय, भारत सरकार  द्वारा होती है | उच्चतर शिक्षा विभाग द्वारा नियुक्त बोर्ड ऑफ गवर्नर्स इस संस्थान को नियंत्रित करते है | बोर्ड ऑफ गवर्नर्स में विभिन्न हितधारको,उद्योग, समाज और सरकार की ओर से प्रतिनिधित्व होता है |

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निदेशक का संदेश

 वर्तमान युग के ज्ञान आधारित समाज में विज्ञान, प्रौद्योगिकी और तकनीकी शिक्षा ने निर्विवाद रूप से महत्वपूर्ण भूमिका ग्रहण कर ली है और वर्तमान में तेजी से बढ़ते हुए औद्योगिक एवं प्रौद्योगिकी उन्नति के साथ तालमेल रखने के लिए तेजी से प्रगति कर रही है। एन.आई.टी.टी.टी.आर भोपाल जो कि  मुख्य रूप से मांग आधारित गुणवत्ता प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से सक्षम मानव संसाधन के विकास, शोध अध्ययन,लर्निंग संसाधन का विकास,तकनीकी संस्थाओं, उद्योग एवं कम्युनिटी के लिए मांग आधारित पाठ्‌यक्रम के विकास के लिए जिम्मेदार है। इन तकनीकी संस्थाओं के शिक्षकों और स्टॉफ के सदस्यों के उत्थान के लिए एवं तकनीकी शिक्षकों को मजबूती प्रदान करने के लिए निरन्तर कार्यरत है। बहुराष्ट्रीय कम्पनी के लिए द्वार खुलने के साथ ही भारतीय उद्योग ने भी औद्योगिकी, नवीन उत्पादन और गुणवत्ता नियंत्रण तकनीकी नये मशीन टूल्स और उपकरण की उन्न्त विधियों को अपना लिया है।
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